

– कुलपति डॉ. शिवेन्द्र कुमार कश्यप बोले- गुणवत्तापूर्ण शोध, नवाचार और अंतरराष्ट्रीय सहयोग से विश्वविद्यालय को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाना लक्ष्य
– इंडिया नज़र ब्यूरोपंतनगर – गोविन्द बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय ने क्यूएस एशिया यूनिवर्सिटी रैंकिंग-2027 में स्थान हासिल कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी शैक्षणिक एवं शोध उत्कृष्टता का परचम लहराया है। विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. शिवेन्द्र कुमार कश्यप ने प्रेस वार्ता में इस उपलब्धि की जानकारी देते हुए कहा कि विश्वविद्यालय अब राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में अपनी स्थिति और मजबूत करने के लिए रणनीतिक कार्ययोजना पर काम कर रहा है।
कुलपति ने इस उपलब्धि का श्रेय विश्वविद्यालय के शिक्षकों, वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के सामूहिक प्रयासों को दिया। उन्होंने कहा कि पंतनगर देश का पहला कृषि विश्वविद्यालय है और उसकी जिम्मेदारी केवल शिक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि आधुनिक कृषि तकनीकों और अनुसंधान के माध्यम से किसानों की आय बढ़ाने तथा वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य में योगदान देना भी है।

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल रैंकिंग हासिल करना नहीं, बल्कि गुणवत्तापूर्ण शोध को प्रयोगशालाओं से खेतों और बाजार तक पहुंचाना है। इसके लिए शोध, नवाचार, स्टार्टअप, पेटेंट और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को बढ़ावा दिया जा रहा है।
कुलपति ने बताया कि इस वर्ष क्यूएस एशिया रैंकिंग में 26 उच्च शिक्षा प्रणालियों के 1,722 विश्वविद्यालय शामिल किए गए हैं। इनमें भारत के 325 विश्वविद्यालयों को प्रतिनिधित्व मिला है। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय में 40 से अधिक नए पेटेंट की दिशा में प्रयास, स्मार्ट कृषि तकनीक, ड्रोन प्रशिक्षण केंद्र, गुणवत्तापूर्ण शोध प्रकाशन, छात्र प्लेसमेंट और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय संस्थानों के साथ सहयोग बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

उन्होंने यह भी बताया कि अनुसंधान राष्ट्रीय अनुसंधान फाउंडेशन (एएनआरएफ) के तहत विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों ने बड़ी संख्या में शोध परियोजनाओं के प्रस्ताव प्रस्तुत किए हैं। विश्वविद्यालय का प्रयास है कि शोध अनुदान, नवाचार और बेहतर शैक्षणिक सुविधाओं के माध्यम से इसकी वैश्विक पहचान को और मजबूत किया जाए।
प्रेस वार्ता का संचालन सहायक निदेशक संचार डॉ. अर्पिता शर्मा काण्डपाल ने किया। इस अवसर पर डॉ. एस.के. गुरु, डॉ. ममतेश कुमार, डॉ. पंकज कुमार, डॉ. रवि मोहन श्रीवास्तव, डॉ. मनीषा रानी, डॉ. जे.पी. पुरवार सहित प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के प्रतिनिधि मौजूद रहे।





























