| इंडिया नज़र ब्यूरो,रुद्रपुर | चन्द्रदेव मंदिर पर भू-माफिया द्वारा किए गए कब्जे के प्रयास के मामले में रुद्रपुर विधायक शिव अरोरा ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट कहा है कि धर्म और आस्था के केंद्रों की रक्षा के लिए यदि जेल भी जाना पड़े तो वह इसके लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने कहा कि मंदिर, गुरुद्वारा, घाट या किसी भी धार्मिक आस्था स्थल पर अवैध कब्जे को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विगत दिनों किच्छा रोड स्थित भुर्जी समाज की आस्था के केंद्र चन्द्रदेव मंदिर पर भू-माफिया द्वारा कब्जे के प्रयास की सूचना मिलने पर विधायक शिव अरोरा भुर्जी समाज के लोगों के साथ मौके पर पहुंचे थे। उनके हस्तक्षेप के बाद पुलिस द्वारा मंदिर परिसर पर ताला लगाकर पूर्व की भांति यथास्थिति बहाल कराई गई तथा पूजा-अर्चना सुचारु रूप से जारी रखी गई।

अपने कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान विधायक शिव अरोरा ने कहा कि ”रुद्रपुर भगवान रूद्र के नाम से जाना जाता है और यहां भू-माफियाओं के मंसूबों को कभी सफल नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन लोगों की छवि पूरे शहर में किसी से छुपी नहीं है, वही लोग दशकों से भुर्जी समाज द्वारा पूजे जा रहे चन्द्रदेव मंदिर पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं, जिसे किसी भी कीमत पर सफल नहीं होने दिया जाएगा।”
विधायक ने दो टूक कहा कि धर्म आस्था के विषय में वह सदैव मुखर रहे हैं और धर्म विरोधी ताकतों को मुंहतोड़ जवाब देना जानते हैं। उन्होंने कहा, “अगर धर्म आस्था की रक्षा के लिए जेल भी जाना पड़े तो शिव अरोरा पीछे नहीं हटेगा।”
न्यायालय के संबंध में विधायक शिव अरोरा ने कहा कि वह माननीय न्यायालय का पूर्ण सम्मान करते हैं। अवमानना नोटिस का जवाब न्यायिक प्रक्रिया के तहत दिया जाएगा और न्यायालय के हर निर्णय का सम्मान किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि अभी न्यायालय ने एक पक्ष को सुना है, आगे की सुनवाई में भुर्जी समाज अपना पक्ष मजबूती से रखेगा और उन्हें पूरा विश्वास है कि समाज की आस्था और दशकों पुरानी पूजा परंपरा को न्याय अवश्य मिलेगा।
विधायक शिव अरोरा ने कहा कि भुर्जी समाज की इस लड़ाई में वह पहले दिन से उनके साथ खड़े हैं और भविष्य में भी जहां कहीं धर्म और आस्था की बात आएगी, वह हमेशा आगे खड़े नजर आएंगे।
























