किच्छा – विधायक राजेश शुक्ला के साथ उत्तराखंड भूमिहीन खेतिहर मजदूर बहुधंधी समिति के प्रतिनिधिमंडल ने वर्षों पूर्व से संघर्षरत भूमिहीनों के संघर्ष को देखते हुए खुरपिया फॉर्म में सीलिंग की भूमि पर पात्र भूमिहीनों को भूमि आवंटित कर बसाये जाने के संबंध में मुख्यमंत्री से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा।
उत्तराखंड भूमिहीन खेतिहर मजदूर बहुधंधि समिति की अध्यक्ष वंदना कुशवाहा ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को अवगत कराया कि समिति वर्ष 2002 से लगातार भूमिहीनों के हितों के लिए संघर्ष करती चली आ रही है, किंतु शासन-प्रशासन द्वारा लगातार भूमिहीनों के साथ न्याय नहीं किया जा रहा। 7 फरवरी 2005 को 4 सूत्रीय मांगों को लेकर हमारी समिति द्वारा भूमिहीनों के हक के लिए 15 मीटर लंबा बैनर हस्ताक्षरित कर प्रदर्शन किया गया था। जिसमें आपके द्वारा भाजयुमो के प्रदेश अध्यक्ष पद पर रहते हुए भूमिहीनों के समर्थन में पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी की कांग्रेस सरकार को जमकर कोसा था।
समिति द्वारा सीलिंग में खुरपिया फार्म की 15 एकड़ जमीन निकली जिसमें सरकार ने 500 एकड़ भूमि भूमिहीनो के लिए आरक्षित की गई हैं। समिति लगातार भूमिहीनों के लिए आरक्षित भूमि पर पात्र भूमिहीनो को भूमि आवंटित किए जाने हेतु संघर्षरत है।
विधायक राजेश शुक्ला ने बताया कि समय-समय पर विधानसभा सत्र के दौरान उनके द्वारा भूमिहीनों को बसाए जाने के जवाब में राजस्व मंत्री ने आश्वस्त किया कि पात्र सभी भूमिहीनों को आरक्षित की गई भूमि पर बसाया जायेगा।
इस दिशा में सरकार अति शीघ्र निर्णय लेकर भूमिहीनों के लिए आरक्षित भूमि पर बसाये जाने हेतु करवाई कर रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भूमिहीन संगठन के प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जल्दी ही अधिकारियों के साथ वार्ताकर सार्थक निर्णय के साथ भूमिहीनों को बस आने हेतु आवश्यक कार्रवाई करेगी।





















