
– नाहिद खान/एडिटरदेहरादून – उत्तरखंड राज्य में भाजपा ने फिर से अपनी पताका फेरा कर बहुमत से ज़्यादा सीट जीत तो ली,लेकिन जिस मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य में चुनाव लड़ा गया था। वो खुद अपनी खटीमा विधानसभा क्षेत्र से चुनाव हार गये है। ऐसे में राज्य की बागडोर कौन संभालेगा ? यह सवाल राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ है।
केंद्रीय नेतृत्व ने युवा चेहरे को तमाम विरोधो के बाबजूद पुष्कर सिंह धामी को राज्य की बागडोर सौपी थी। कम समय में राज्य में पुष्कर सिंह धामी ने अच्छा प्रदर्शन किया और राज्य में चुनाव की कमान संभाल कर पुनः भाजपा को जीता दिया। लेकिन बदकिस्मती से खुद वो अपनी सीट से पराजित हो गये।
ऐसे में राज्य में मुख्यमंत्री बनने का सपना देखने वाले सक्रिय हो गये,उन्होंने विधायकों को अपनी लॉबी में लाने से लेकर दिल्ली दरबार तक चक्कर लगा दिये। अधिकाँश विधायकों का मत चुने गये विधायकों में से ही मुख्यमंत्री बनाने का है। इनमे से काफी समर्थक धामी के भी है,जो उन्हें फिर से राज्य का मुख्यमंत्री बनाने की वकालत कर रहे है।
केंद्रीय नेतृत्व उत्तराखडं राज्य की सभी गतिविधियों पर अपनी निगाह बनाये हुए है,जो नाम राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में चर्चा में है उनमे सतपाल महाराज और धन सिंह रावत का नाम भी प्रमुखता से लिया जा रहा है।
वही जानकार सूत्रों का कहना है कि राज्य में मुख्यमंत्री चयन के लिये संघ चिंतन मनन कर रहा है। उसकी पसंद से ही धामी मुख्यमंत्री बने थे,अगर संघ ने धामी के नाम पर फिर से हरी झंडी दिखा दी तो धामी फिर से मुख्यमंत्री बन सकते है। फिलहाल तो सब कुछ चर्चाओं में ही है।





















