





– इंडिया नज़र ब्यूरो किच्छा – सूर्य उपासना का महापर्व छठ पूजा पूरे उत्तर भारत में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इस अवसर पर पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि ”छठ पूजा केवल आस्था का पर्व नहीं, बल्कि यह अनुशासन, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का भी प्रतीक है।”
उन्होंने कहा कि ”यह पर्व हमें प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और संतुलित जीवन का संदेश देता है। सूर्य देव और छठी मइया की उपासना के माध्यम से हम जल, वायु और पर्यावरण के संरक्षण का संकल्प दोहराते हैं। आज जब दुनिया जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से जूझ रही है, ऐसे में छठ पूजा जैसी परंपराएँ भारतीय संस्कृति की महानता को दर्शाती हैं।”
उन्होंने कहा कि ”यह पर्व हमें प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और संतुलित जीवन का संदेश देता है। सूर्य देव और छठी मइया की उपासना के माध्यम से हम जल, वायु और पर्यावरण के संरक्षण का संकल्प दोहराते हैं। आज जब दुनिया जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से जूझ रही है, ऐसे में छठ पूजा जैसी परंपराएँ भारतीय संस्कृति की महानता को दर्शाती हैं।”

शुक्ला ने कहा कि छठ पर्व सामाजिक एकता और सामूहिकता का उत्सव है, जहाँ हर वर्ग और समुदाय के लोग मिलकर श्रद्धा से पूजा-अर्चना करते हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि ‘वे घाटों की स्वच्छता बनाए रखें और पर्यावरण को हानि पहुँचाने वाले पदार्थों का प्रयोग न करें।’
पूर्व विधायक ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा मन की बात कार्यक्रम में छठ पूजा को भारत की एकता और परंपराओं का प्रतीक बताना गौरव की बात है। यह पर्व हमारी भारतीय संस्कृति की जड़ों से जुड़ने का अवसर है।
राजेश शुक्ला ने सभी श्रद्धालुओं को छठ महापर्व की हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि सूर्य देव सभी के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लाएँ।



























